महिला सुरक्षा और महिला अपराधों के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए देहरादून पुलिस ने औद्योगिक क्षेत्र सेलाकुई में एक बड़े आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम का आगाज़ किया है। पुलिस महानिदेशक और एसएसपी देहरादून के दिशा-निर्देशों पर आयोजित इस कैंप में क्षेत्र की दो बड़ी कंपनियों, ईस्ट अफ्रीकन और अंबर प्राइवेट लिमिटेड की लगभग 500 महिला कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।
प्रशिक्षण की सबसे खास बात यह रही कि महिलाओं को सिखाने के लिए पुलिस मुख्यालय ने तकनीकी रूप से दक्ष और कुशल प्रशिक्षकों को भेजा था। इनमें अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता और उत्तराखंड पुलिस जूडो टीम की कोच अपर उपनिरीक्षक शालू चौधरी, फायर वूमेन अर्चना चौधरी और राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता वुशु कोच अंजना रानी शामिल रहीं।
इन विशेषज्ञों ने महिलाओं को कम शक्ति का उपयोग कर हमलावर को पस्त करने की विभिन्न तकनीकें सिखाईं। वहीं प्रशिक्षण के साथ-साथ पुलिस ने तकनीक के माध्यम से सुरक्षा सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। क्षेत्राधिकारी प्रेमनगर विवेक कुटियाल ने महिलाओं को गौरा शक्ति ऐप के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कैसे आपातकालीन स्थिति में यह ऐप पुलिस तक तुरंत सूचना पहुँचाने में मददगार साबित होता है।
विवेक कुटियाल, क्षेत्राधिकारी प्रेमनगर
Reported By: Praveen Bhardwaj












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