परमार्थ निकेतन आश्रम आज ऊर्जा, पर्यावरण और आध्यात्मिक संवाद का केंद्र बना, जब इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड (IOCL) के वरिष्ठ अधिकारियों ने आश्रम पहुंचकर पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी से भेंट की।
इस अवसर पर आईओसीएल के कार्यकारी निदेशक श्री के. शैलेन्द्र सहित उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के शीर्ष अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में ऊर्जा सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ ऊर्जा, सामाजिक उत्तरदायित्व और ग्रीन फ्यूचर जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई।
स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री श्री हरदीप सिंह पुरी के नेतृत्व में भारत ऊर्जा परिवर्तन का वैश्विक मार्गदर्शक बन रहा है। भारत न केवल विश्व का तीसरा सबसे बड़ा ऊर्जा उपभोक्ता है, बल्कि एथेनॉल ब्लेंडिंग, बायोफ्यूल, ग्रीन हाइड्रोजन, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और सौर ऊर्जा के क्षेत्र में तेज़ी से नेतृत्व कर रहा है।
उन्होंने कहा कि ऊर्जा क्षेत्र का यह परिवर्तन आर्थिक प्रगति के साथ पर्यावरणीय संतुलन, सामाजिक विकास और राष्ट्रीय दृढ़ता का प्रतीक है।
आईओसीएल अधिकारियों ने भी अपने सीएसआर कार्यों और ग्रीन पहल की जानकारी साझा करते हुए कहा कि भारत ऊर्जा क्षेत्र में एक वैश्विक महाशक्ति के रूप में उभर रहा है।
अंत में स्वामी जी ने कहा कि भारत अब केवल आगे नहीं बढ़ रहा, बल्कि विश्व को नई दिशा देने की भावना के साथ प्रगति कर रहा है, और ऊर्जा क्षेत्र में इसमें आईओसीएल जैसी संस्थाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
Reported By: Arun Sharma












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