बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) एक बार फिर अपनी कार्यप्रणाली को लेकर विवादों में है। हाल ही में बदरीनाथ धाम के रावल द्वारा विशेष पूजाओं में अव्यवस्था को लेकर उठाई गई आपत्तियों के बाद अब समिति के निर्माण कार्यों के टेंडर पर सवाल खड़े हो गए हैं।
30 अक्टूबर को बीकेटीसी ने मरम्मत व निर्माण कार्यों हेतु दैनिक राष्ट्रीय सहारा में टेंडर नोटिस प्रकाशित किया, जिसके तहत 13 नवम्बर को निविदाएं बदरीनाथ कार्यालय में आमंत्रित की गई हैं। यह निर्णय हैरान करने वाला है, क्योंकि समिति का मुख्यालय जोशीमठ में और केदारनाथ क्षेत्र का कार्यालय उखीमठ में स्थित है। आमतौर पर टेंडर जोशीमठ या देहरादून से आमंत्रित किए जाते हैं।
सूत्रों के अनुसार, टेंडर नोटिस प्रदेश के दो प्रमुख समाचार पत्रों में प्रकाशित नहीं किया गया, बल्कि केवल राष्ट्रीय सहारा के गढ़वाल संस्करण में छापा गया। इसके अलावा, आरोप यह भी है कि कुछ कार्य पहले ही करा लिए गए हैं और अब खानापूर्ति के लिए टेंडर प्रक्रिया चलाई जा रही है। इन सब कारणों से बीकेटीसी की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
Reported By: Arun Sharma












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