हल्द्वानी: उत्तराखंड में गर्मी बढ़ते ही जंगलों में धधक रही आग (Forest Fire) और आगामी मानसून सीजन के मद्देनजर आपदा प्रबंधन की तैयारियों को लेकर सियासत गरमाने लगी है। इसी सिलसिले में आज हल्द्वानी में जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रशासनिक स्तर पर तैयारियों की कमी को रेखांकित करते हुए प्रशासन के समक्ष कई गंभीर मांगें रखीं। जिला अध्यक्ष राहुल छिमवाल के नेतृत्व में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी (DM) को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा।
इस दौरान हल्द्वानी के विधायक सुमित हृदयेश और वरिष्ठ राज्य आंदोलनकारी ललित जोशी विशेष रूप से मौजूद रहे। कांग्रेस नेताओं ने चेताया कि यदि समय रहते पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए, तो मानसून में शहर को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।
नदियों के किनारे तटबंध और स्मार्ट मीटर के मुद्दे पर घेरा
कांग्रेस ने अपने ज्ञापन में पर्यावरण, आपदा प्रबंधन और सीधे जनता से जुड़े कई ज्वलंत मुद्दों को प्रमुखता से शामिल किया। सौंपे गए ज्ञापन के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
जंगलों की आग पर काबू पाने की मांग: कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पहाड़ों और तराई के जंगलों में लगातार लग रही आग से न सिर्फ पर्यावरण को अपूरणीय क्षति पहुंच रही है, बल्कि वन्यजीवों और जनजीवन पर भी इसका बेहद बुरा असर पड़ रहा है। प्रशासन को इसे रोकने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए।
तटबंधों का निर्माण: आगामी मानसून सीजन में संभावित बाढ़ और आपदाओं को देखते हुए संवेदनशील नदियों और नालों के किनारे तुरंत मजबूत तटबंध (फ्लड प्रोटेक्शन वॉल) के निर्माण और अन्य सुरक्षा कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए।
स्मार्ट मीटर का विरोध: जनहित से जुड़े मुद्दों को उठाते हुए कांग्रेस ने बिजली के स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया पर भी आपत्ति जताई है और इसे जनता पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ करार दिया है।
त्वरित समाधान की चेतावनी: जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रशासन से इन सभी जनसमस्याओं के जल्द से जल्द समाधान की मांग की है और साफ किया है कि यदि लापरवाही बरती गई, तो कांग्रेस सड़क पर उतरकर उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी।
जनहित के मुद्दों पर प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की उम्मीद
विधायक सुमित हृदयेश ने कहा कि मानसून से पहले हर साल केवल कागजी बैठकें होती हैं, लेकिन धरातल पर काम न होने से जनता को जलभराव और कटाव का दंश झेलना पड़ता है। उन्होंने जिलाधिकारी से मांग की है कि सभी विभागों को एक्टिव कर सुरक्षात्मक कार्य युद्धस्तर पर शुरू कराए जाएं। इस दौरान भारी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट परिसर में मौजूद रहे।
Reported By : Rajesh Kumar













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