मसूरी-देहरादून मार्ग पर लगातार हो रहे भूस्खलन के कारण राहगीरों और वाहन चालकों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। शनिवार सुबह मार्ग का एक हिस्सा दोबारा क्षतिग्रस्त होने से सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद फिलहाल मार्ग पर वाहनों की आवाजाही धीरे-धीरे शुरू करा दी गई है।
स्थानीय निवासी दीपक ने बताया कि बरसात का करीब एक महीना अभी बाकी है। ऐसे में मार्ग के कई हिस्सों में भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। उन्होंने आशंका जताई कि कोलूखेत और पानी वाले बेंड के आसपास भी पहाड़ का मलबा सड़क पर आ सकता है, जिससे यातायात दोबारा बाधित होने की स्थिति पैदा हो सकती है।
8 से 10 दिन लग सकते हैं सड़क को पूरी तरह खोलने में
प्रशासन के अनुसार फिलहाल मार्ग पर अस्थायी रूप से वाहनों की आवाजाही शुरू कर दी गई है। सड़क को पूरी तरह दोतरफा यातायात के लिए खोलने में करीब 8 से 10 दिन का समय लग सकता है। सुरक्षा को देखते हुए फिलहाल भारी और बड़े वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई गई है। इसके लिए कुठाल गेट के पास से ही एसडीएम की ओर से आदेश जारी किए गए हैं, जो बीती रात से प्रभावी हैं।
बड़े वाहनों से सड़क क्षतिग्रस्त होने का खतरा
उप जिलाधिकारी राहुल आनंद ने बताया कि मसूरी और राजपुर पुलिस को मार्ग पर भारी वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि मार्ग संकरा होने के साथ ही नीचे की ओर से मिट्टी और पानी का बहाव हो रहा है। ऐसे में बड़े और भारी वाहनों की आवाजाही से सड़क के और अधिक क्षतिग्रस्त होने का खतरा बना हुआ है।
लगातार हो रहे भूस्खलन को देखते हुए प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को लेकर सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। आने वाले दिनों में भी इस मार्ग से सफर करने वाले यात्रियों और वाहन चालकों को सावधानी बरतनी होगी।
राहुल आनंद, उप जिला अधिकारी मसूरी
सहायक अभियंता अनिल सरकार
Reported By: Praveen Bhardwaj













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