
उत्तराखंड में जमीन के मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। कांग्रेस के ‘भूमि बचाओ, धामी हटाओ’ अभियान पर भाजपा विधायक विनोद चमोली ने तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपनी खिसकती जमीन बचाने के लिए यह प्रपंच रच रही है। चमोली ने कांग्रेस कार्यकाल के नैनीसार भूमि आवंटन, मुस्लिम यूनिवर्सिटी विवाद और गढ़वाल में करीबियों को दी गई 52 संपत्तियों का हवाला देते हुए कहा कि धामी सरकार ने कड़े भू-कानून से जमीनों की रक्षा की है।
दूसरी ओर, कांग्रेस की मुख्य प्रदेश प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी ने भाजपा पर पलटवार करते हुए गंभीर आरोप लगाए। दसौनी ने कहा कि डबल इंजन सरकार जनता के साथ ‘डबल धोखा’ कर रही है। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में करीब 1 लाख करोड़ रुपये मूल्य की सरकारी जमीनें और 1867 से 1928 के ऐतिहासिक धरोहर भवनों को 60 से 90 साल की लीज पर निजी हाथों में सौंपा जा रहा है। दसौनी ने आरोप लगाया कि आईडीपीएल ऋषिकेश की 633 एकड़, डाकपत्थर की 180 एकड़ और जॉर्ज एवरेस्ट की 142 एकड़ जमीन की बंदरबांट की जा रही है। उन्होंने कहा कि सामूहिक कैबिनेट के बजाय मुख्यमंत्री अकेले फैसले ले रहे हैं। कांग्रेस नेता अलग-अलग स्थानों पर इस कथित जमीन घोटाले का पर्दाफाश करेंगे।
विनोद चमोली, विधायक भाजपा
गरिमा मेहरा दसौनी, मुख्य प्रदेश प्रवक्ता कांग्रेस
Reported by: Crime petrol













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