
विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर एम्स ऋषिकेश में कम्युनिटी मेडिसिन विभाग के तत्वावधान में दो दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के पहले दिन जनस्वास्थ्य से जुड़े विभिन्न विषयों पर कार्यशालाएं और समूह चर्चा सत्र आयोजित किए गए।
कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए कार्यकारी निदेशक प्रो. मीनू सिंह ने संस्थान को ‘वन हेल्थ’ के क्षेत्र में अग्रणी बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि चिकित्सा, पशु चिकित्सा और पर्यावरण विज्ञान के समन्वित प्रयासों से ही समग्र स्वास्थ्य सुनिश्चित किया जा सकता है।
विशिष्ट अतिथि प्रो. डॉ. सुनीला गर्ग ने सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया और आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया। वहीं, डीन एकेडमिक प्रो. सौरभ वाष्र्णेय और चिकित्सा अधीक्षक प्रो. बी. सत्या श्री ने भी ‘वन हेल्थ’ और वर्तमान स्वास्थ्य चुनौतियों पर विचार साझा किए।
कम्युनिटी मेडिसिन विभागाध्यक्ष प्रो. वर्तिका सक्सेना ने बताया कि आयोजन का उद्देश्य मानव, पशु और पर्यावरणीय स्वास्थ्य के एकीकृत दृष्टिकोण को बढ़ावा देना है। उन्होंने वयस्क टीकाकरण को लेकर चल रहे शोध और जनजागरूकता अभियानों की जानकारी भी दी।
कार्यशाला में रोग निगरानी, टीकाकरण, एंटीमाइक्रोबियल रेजिस्टेंस, स्वच्छता और जलवायु परिवर्तन जैसे विषयों पर विशेषज्ञों ने विस्तार से चर्चा की। प्रतिभागियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण और केस स्टडी के माध्यम से जनस्वास्थ्य की चुनौतियों से निपटने के उपाय भी बताए गए।
Reported By: Arun Sharma













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