शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर परमार्थ निकेतन में माँ दुर्गा की आराधना के साथ स्टेम सेल थैरेपी कैंप का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी और साध्वी भगवती सरस्वती जी ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
कैंप आधुनिक विज्ञान और सनातन संस्कृति के संगम का प्रतीक है, जिसका उद्देश्य रोगियों को शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक स्वास्थ्य की दिशा में उपचार और नई ऊर्जा प्रदान करना है। स्वामी जी ने उत्तराखंड की आपदा प्रभावित जनों के लिए विशेष प्रार्थना की और नवरात्रि के महत्व को आत्मशुद्धि, शक्ति जागरण और जीवन संतुलन से जोड़ा।
साध्वी भगवती सरस्वती जी ने बताया कि यह कैंप केवल चिकित्सा केंद्र नहीं, बल्कि आशा और प्रेरणा का दीपक है, जो आधुनिक विज्ञान और प्राचीन दर्शन को जोड़कर समाज के लिए लाभकारी सिद्ध हो रहा है।
Reported By: Arun Sharma












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