आगामी चारधाम यात्रा को सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए उत्तराखंड परिवहन विभाग पूरी तरह से ‘अलर्ट मोड’ पर है। ऋषिकेश के आरटीओ प्रशासन संदीप सैनी ने यात्रा की तैयारियों को लेकर विभाग की रणनीति साझा की है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों और बाहरी राज्यों से आने वाली प्राइवेट टैक्सियों पर विभाग की पैनी नजर रहेगी।
संदीप सैनी ने बताया कि यात्रा सीजन के दौरान बाहर से आने वाले ऐसे वाहन जो नियमों के विरुद्ध जाकर स्थानीय व्यवसाय को प्रभावित करते हैं, उन पर सख्ती की जा रही है। सीमाओं पर बने चेकपोस्ट पर वाहनों का ‘ग्रीन सेस’ और टोल की पर्ची अनिवार्य रूप से जांची जाएगी। मोटर वाहन अधिनियम (Motor Vehicle Act) में होने वाले आगामी संशोधनों को यात्रा शुरू होने से पहले लागू करने की कोशिश की जा रही है, ताकि बाहरी वाहनों द्वारा किए जाने वाले अवैध संचालन को 100% रोका जा सके।
श्रद्धालुओं को परिवहन में कोई असुविधा न हो, इसके लिए विभाग ने पुख्ता इंतजाम किए हैं। आरटीओ ने बताया कि वर्तमान में 10 बड़ी बस कंपनियां यात्रा मार्ग पर सेवाएं देने के लिए तैयार हैं। यदि भीड़ बढ़ती है, तो कुमाऊं मंडल, परिवहन निगम और पड़ोसी जिलों से अतिरिक्त बसें मंगवाई जाएंगी। पहाड़ी रास्तों पर होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए विभाग ने सख्त रुख अपनाया है।
आरटीओ प्रशासन संदीप सैनी
Reported By: Praveen Bhardwaj













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