उत्तराखंड में राज्य आंदोलनकारियों के चिन्हीकरण की प्रक्रिया एक बार फिर शुरू की जाएगी। राज्य स्थापना दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री इसकी औपचारिक घोषणा कर सकते हैं। उत्तराखंड राज्य गठन के लिए आंदोलन में शामिल रहे लोगों को सरकार द्वारा राज्य आंदोलनकारी के रूप में पहचान पत्र जारी किए गए हैं। इन्हें पेंशन, निशुल्क बस यात्रा, और सरकारी नौकरियों में आरक्षण जैसी कई सुविधाएं दी जा रही हैं…हालांकि अब भी कई ऐसे आंदोलनकारी हैं जो चिन्हीकरण प्रक्रिया से वंचित रह गए थे। इन्हें राज्य आंदोलनकारी का दर्जा नहीं मिल पाया है।
ऐसे लोगों को पहचानने और प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए अब सरकार चिन्हीकरण दोबारा शुरू करने जा रही है। फिलहाल राज्य में करीब 8 हजार आंदोलनकारी चिन्हित किए जा चुके हैं। इसी बीच राज्य आंदोलनकारी परिषद ने भी सरकार को कई सुझाव भेजे हैं। परिषद ने मांग की है कि चिन्हीकरण की प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से जल्द से जल्द शुरू की जाए।
सुभाष बड़थ्वाल, अध्यक्ष, राज्य आंदोलनकारी परिषद
Reported By: Arun Sharma














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