भारत और थाईलैंड के बीच संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘मैत्री’ के 15वें संस्करण में भाग लेने के लिए भारतीय सेना की टुकड़ी आज थाईलैंड रवाना हो गई। अभ्यास का आयोजन 18 से 31 अगस्त 2026 तक थाईलैंड के सूरत थानी स्थित विभावादी रंगसिट कैंप में किया जाएगा। ‘मैत्री’ अभ्यास का पिछला संस्करण सितंबर 2025 में मेघालय के उमरोई में आयोजित हुआ था।
अभ्यास में भारतीय सेना और थाई शाही सेना की 85-85 जवानों की टुकड़ियां हिस्सा लेंगी। भारतीय दल में मुख्य रूप से 9 गोरखा राइफल्स के सैनिक शामिल हैं, जबकि थाई सेना की टुकड़ी 5वीं डिवीजन की 25वीं इन्फैंट्री ब्रिगेड की तीसरी बटालियन के जवानों से बनी है।
अभ्यास के दौरान कंपनी स्तर का संयुक्त प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा। इसमें जंगल और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में संचालन पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। प्रशिक्षण का उद्देश्य संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अध्याय सात के तहत उग्रवाद और आतंकवाद से निपटने के लिए संयुक्त अभियानों की क्षमता को मजबूत करना है।
अभ्यास में क्षेत्र प्रशिक्षण के अलावा युद्ध संबंधी चर्चाएं, व्याख्यान, प्रदर्शन और समापन सत्यापन अभ्यास आयोजित किए जाएंगे। दोनों देशों की सेनाएं अपने परिचालन अनुभव साझा करने के साथ संयुक्त अभियानों में इस्तेमाल होने वाले आधुनिक उपकरणों और तकनीकों का भी प्रदर्शन करेंगी।
वर्ष 2006 में शुरू हुआ ‘मैत्री’ अभ्यास भारत और थाईलैंड के बीच सैन्य सहयोग को मजबूत करने तथा सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों के आदान-प्रदान का महत्वपूर्ण मंच है। नियमित संयुक्त प्रशिक्षण से दोनों सेनाओं के बीच अंतर-संचालन क्षमता, आपसी समझ और सद्भावना को बढ़ावा मिलता है, जिससे भारत-थाईलैंड के दीर्घकालिक द्विपक्षीय संबंध और मजबूत होते हैं।
Reported By: Arun sharma













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