हरिद्वार में जनपदवासियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 56 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें 36 ऑफलाइन और 20 ऑनलाइन शिकायतें शामिल रहीं।
जनसुनवाई में 26 मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया गया, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को समयबद्ध समाधान के लिए भेज दिया गया। शिकायतें मुख्य रूप से राजस्व, भूमि विवाद, विद्युत, राशन, अतिक्रमण, जलभराव और पेयजल से जुड़ी थीं।
कार्यक्रम में कई महत्वपूर्ण मामले सामने आए। गुलफाम ने अपनी पुत्री के जन्म प्रमाण पत्र के लिए आवेदन दिया, वहीं पोपीन ने सिंचाई विभाग द्वारा बनाए गए नाले के रोड क्रॉसिंग पाइप को लेकर समस्या उठाई। इस्लाम ने चकबंदी प्रक्रिया से जुड़ा मामला प्रस्तुत किया, जबकि रति राम ने वृद्धावस्था में पारिवारिक परेशानियों से संबंधित शिकायत दर्ज कराई।
इसके अलावा शैलेंद्र कुमार ने पानी का नया कनेक्शन, राजपाल सिंह और अन्य ग्रामीणों ने चकरोड खोलने, तथा ललित राजपूत ने सरकारी भूमि से अवैध कब्जा हटाने की मांग रखी। ऑनलाइन माध्यम से मिनी सचिवालयों के जरिए भी ग्रामीणों ने समस्याएं दर्ज कराईं, जिनमें जलभराव, बिजली पोल की कमी और पानी टंकी लीकेज जैसी शिकायतें प्रमुख रहीं।
जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसुनवाई में दर्ज शिकायतों का त्वरित, संवेदनशील और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आवश्यक होने पर कार्रवाई भी की जाएगी।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जिन मामलों में स्थलीय निरीक्षण आवश्यक है, वहां विभागीय अधिकारी आपसी समन्वय के साथ मौके पर जाकर समाधान सुनिश्चित करें। साथ ही सीएम हेल्पलाइन में लंबित 36 दिन से अधिक पुरानी शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निस्तारित करने के निर्देश भी दिए गए।
Reported By: Praveen bhardwaj














Discussion about this post