देहरादून में आवारा पशुओं की समस्या से निपटने के लिए नगर निगम लगातार प्रयास कर रहा है। नगर निगम का दावा है कि गोवंशों के संरक्षण और प्रबंधन के लिए किए गए प्रयासों से सड़कों पर घूमने वाले आवारा पशुओं की संख्या में कमी आई है। वहीं अब शहर में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या को देखते हुए उनके लिए बड़े स्तर पर व्यवस्था करने की योजना बनाई जा रही है।
देहरादून के नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडे ने बताया कि नगर निगम द्वारा संचालित काजी हाउस में वर्तमान में लगभग 350 गायों को रखा गया है। इसके अलावा 250 और गायों को रखने के प्रस्ताव को बोर्ड से मंजूरी मिल चुकी है। साथ ही 50 अतिरिक्त गायों के लिए भी व्यवस्था की जा रही है।
नगर आयुक्त ने कहा कि इन प्रयासों के चलते शहर की सड़कों पर घूमने वाले आवारा गोवंशों की समस्या में काफी हद तक कमी आई है। हालांकि अब आवारा कुत्तों की समस्या अधिक गंभीर रूप में सामने आ रही है, जिसके समाधान के लिए नगर निगम विशेष योजना पर काम कर रहा है।
उन्होंने बताया कि नगर निगम द्वारा संचालित डॉग मैनेजमेंट सेंटर बेहतर तरीके से कार्य कर रहा है, लेकिन शहर की जरूरतों को देखते हुए एक बड़े डॉग शेल्टर सेंटर की आवश्यकता महसूस की जा रही है। इसी उद्देश्य से 570 कुत्तों की क्षमता वाले आधुनिक सेंटर के निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है।
नगर आयुक्त के अनुसार इस परियोजना की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कर शासन को सौंप दी गई है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद आवारा कुत्तों के संरक्षण, देखभाल और प्रबंधन के लिए प्रभावी व्यवस्था विकसित की जाएगी।
नगर निगम का मानना है कि नए डॉग शेल्टर सेंटर के निर्माण से शहर में आवारा कुत्तों की समस्या के समाधान में मदद मिलेगी और लोगों को भी राहत मिल सकेगी।
आलोक कुमार पांडे, नगर आयुक्त, देहरादून
Reported By: Shiv Narayan












Discussion about this post