
उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव से पहले 23 साल पुराने जैनी प्रकरण ने प्रदेश की सियासत को गरमा दिया है। जैनी के ताजा बयानों के बाद भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। एक ओर जैनी ने प्रेसवार्ता कर नार्को टेस्ट और मामले की दोबारा सीबीआई जांच कराने की मांग उठाई है, वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरक सिंह रावत ने आरोपों को राजनीतिक साजिश करार देते हुए मानहानि का मुकदमा दर्ज कराने की बात कही है।
हरक सिंह रावत ने कहा कि भाजपा कांग्रेस के लगातार उठाए जा रहे मुद्दों से घबराई हुई है। कांग्रेस अंकिता भंडारी प्रकरण, एसआईआर, वोट चोरी, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार जैसे मुद्दों पर सरकार को घेर रही है। ऐसे में इन मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए भाजपा की ओर से जैनी प्रकरण को दोबारा सामने लाया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव में संभावित हार को देखते हुए भाजपा 23 साल पुराने मामले को राजनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल कर रही है। हरक सिंह रावत ने कहा कि जैनी प्रकरण में सीबीआई जांच के बाद उन्हें क्लीन चिट मिल चुकी है। इसके बावजूद इस मामले को दोबारा उठाकर उनकी छवि खराब करने का प्रयास किया जा रहा है।
हरक सिंह रावत ने स्पष्ट कहा कि जो भी व्यक्ति साजिश के तहत इस पुराने मामले को उठाकर उनके खिलाफ आरोप लगा रहा है, उसके विरुद्ध वह मानहानि का मुकदमा दर्ज कराएंगे। उनके इस बयान के बाद प्रदेश में जैनी प्रकरण को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने के आसार हैं।
बाइट: हरक सिंह रावत, वरिष्ठ नेता कांग्रेस
Reported By: Shiv Narayan












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