वर्ष 2027 में हरिद्वार में होने वाले कुंभ मेले को लेकर शासन-प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। कुंभ से जुड़े निर्माण और विकास कार्यों की लगातार निगरानी की जा रही है, वहीं कार्यों में तेजी लाने के निर्देश भी दिए जा रहे हैं। अब तक कुंभ 2027 के लिए करीब 700 करोड़ रुपये के विकास कार्यों को मंजूरी दी जा चुकी है। इसके साथ ही लगभग 140 घाटों के जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण का कार्य भी शुरू हो गया है।
कुंभ की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी समय-समय पर हरिद्वार का दौरा कर समीक्षा बैठकें कर रहे हैं। साथ ही संत समाज से मुलाकात कर कुंभ की व्यवस्थाओं और आयोजन को लेकर समन्वय स्थापित किया जा रहा है। सरकार का फोकस कुंभ को भव्य, दिव्य और सुव्यवस्थित बनाने के साथ श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने पर है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि कुंभ पूरी दुनिया की आध्यात्मिक चेतना का महोत्सव है। यहां आध्यात्मिक चेतना केवल दिखाई नहीं देगी, बल्कि उसका साक्षात अनुभव होगा। उन्होंने कहा कि सरकार लगातार पूज्य संतों के साथ बैठक और संवाद कर रही है।
सीएम धामी ने कहा कि कुंभ के वास्तविक आयोजक संत ही होते हैं। सरकार की भूमिका केवल सहयोगी की है, जबकि संत इस महापर्व के मुख्य मेजबान हैं। उन्होंने कहा कि संत समाज के बिना इस प्रकार का महोत्सव या कुंभ अपने पूर्ण स्वरूप को प्राप्त नहीं कर सकता।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार संतों के मार्गदर्शन और सहयोग के साथ कुंभ 2027 की तैयारियों को आगे बढ़ा रही है, ताकि देश-दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें और हरिद्वार में आयोजित होने वाला यह महापर्व भव्य एवं दिव्य रूप में संपन्न हो।
पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड
Reported By: Praveen Bhardwaj












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