देहरादून में नई शिक्षा नीति (एनईपी) को लेकर आयोजित एक कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को सशक्त बनाने के साथ-साथ रोजगार के नए अवसर भी सृजित कर रही है।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि नई शिक्षा नीति के सकारात्मक प्रभाव के चलते कई प्रवासी उत्तराखंडी अपने प्रदेश लौट रहे हैं और विशेष श्रेणी के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए आगे आ रहे हैं। उनके अनुभव और विशेषज्ञता का लाभ अब प्रदेश के बच्चों को मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य शिक्षा को अधिक समावेशी, व्यावहारिक और रोजगारोन्मुख बनाना है। नई शिक्षा नीति के माध्यम से विद्यार्थियों को उनकी रुचि और क्षमता के अनुरूप शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे उनका समग्र विकास सुनिश्चित हो सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रवासी उत्तराखंडियों की भागीदारी से प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे हैं। इससे एक ओर विशेष श्रेणी के बच्चों को बेहतर शिक्षण सुविधाएं मिल रही हैं, वहीं दूसरी ओर राज्य में रोजगार के नए अवसर भी विकसित हो रहे हैं।
उन्होंने विश्वास जताया कि नई शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन से उत्तराखंड शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगा और युवाओं को बेहतर भविष्य के लिए सक्षम बनाया जा सकेगा। कार्यक्रम में शिक्षा जगत से जुड़े विशेषज्ञों, शिक्षकों, विद्यार्थियों और विभिन्न संस्थानों के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया।
पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री
Reported By: Praveen Bhardwaj














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